त्रिशंकु पर दातादीन : आलेख (कमलेश पाण्डेय)

(“हरिशंकर परसाई: – चर्चा ज़ारी है ……. ” का चौथा दिन ……… ‘कमलेश पाण्डेय’ का आलेख ) त्रिशंकु अधुनातन और पुरातन के क्षितिजों के बीच लटका एक सुन्दर-सा ग्रह है. गणतंत्र को उसके आदर्शतम स्वरूप में कायम रखने की कवायद ... Read More...