योग के बहाने : व्यंग्य (आरिफा एविस)

पड़ोस में रहने वाले चंदू ने कहा, ‘क्या कभी भोग दिवस भी मनाया जाता है?  रोज कोई न कोई डे हो और लोगों को बदले में कुछ मिले. चाचा अगर भोग दिवस होगा तो लोगो को तरह तरह का खाने को मिलेगा. जिन्हें कभी वो चीजें नसीब न ... Read More...